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Panchopachar Rahasy (Hindi)

Panchopachar Rahasy (Hindi)

पञ्चोपचार ऊर्जाओं के आधान की वह प्रक्रिया है जिसके सही प्रयोग से एक साधक अपनी नित्य पूजा के माध्यम से ही अपने जीवन में दैवीय-शक्तियों का प्रकटीकरण कर सकता है। पितामह गुरुदेव श्री हयग्रीवानन्द नाथजी की तंत्र-परम्परा में प्राप्त विधान को सीख कर जानिये कि कैसे किया जाता है यह अद्भुत प्रयोग?

7634 Learners

2 Hrs 30 Mins Course Duration
2 Session(s)
ONLINE / LIVE
24/7 Learning Access

Course Description

आज के युग में बहुत से लोग अपनी व्यक्तिगत अभिरुचि के या परम्परा से प्राप्त संस्कारों से प्रेरित होकर अथवा टीवी आदि पर विभिन्न ज्योतिषियों आदि की सलाह पर अपनी समस्याओं के निदान हेतु बहुत से देवी-देवताओं की पूजा-ऋचा आदि करते हुए देखे जाते हैं। परन्तु सही विधान का ज्ञान न होने के कारण ऐसे सभी लोग अपने इन पूजन-जप आदि का न तो सम्यक लाभ ही ले पाते हैं न ही उनके संकल्पों को गति प्राप्त होती है। यदि ऐसा कहें कि उन्हें अपने प्रयासों के अनुरूप प्राप्ति नहीं होती तो अनुचित नहीं होगा।

आप सभी उपासकजनों की ऐसी अज्ञानजन्य कठिनाइयों को दूर करने का यह सुअवसर इस कार्यशाला से आप को प्राप्त होगा व इस ज्ञान से आप जीवन पर्यन्त लाभान्वित होंगे।

Course Curriculum

कार्यशाला का संक्षिप्त परिचय -

  • पंचोपचार गुरु-परम्पराओं में प्राप्त एक ऐसी प्रक्रिया है जिससे हम शास्त्रोक्त विधियों का पालन करते हुए अर्चनीय देवता की शक्तिओं को बहुत ही कम समय में अपने मन-शरीर एवं जीवन में प्रकट कर सकते हैं।
  • यह कार्यशाला उपासना पक्ष के सभी पहलुओं को उजागर करते हुए शास्त्र-सम्मत पञ्चोपचार विधि के स्थूल-(द्रव्यात्मक) एवं सूक्ष्म-(उर्जात्मक) पक्ष की गहन जानकारी प्रदान करेगी।
  • इसमें भाग लेने वाले सभी साधक-साधिकाएं व जन-सामान्य अपनी संकल्प शक्ति के माध्यम से कैसे अपनी तात्विक-ऊर्जाओं का दैवीकरण कैसे किया जाता है? उस दैवीय स्वरुप की कृपा का उपयोग अपने आतंरिक विकास  में कैसे होता है? अपने इष्ट का ह्रदय में आवाहनादि मुद्राओं के द्वारा, प्रकट देवता शक्ति का विग्रह-आसन पर आरोपण, उपचार एवं विसर्जन आदि अपने नित्य पूजन, अनुष्ठानादि में कैसे करें? यह प्रायोगिक रूप से सीखेंगे।
  • हर एक व्यक्ति के जीवन में एक विशेष ईष्ट देवता क्रियान्वित रहता है। उस देवता शक्ति से नित्य संपर्क में रहने से उसे जीवन में सशक्त होकर आनेवाले सभी अवरोधों का डटकर सामना करने की क्षमता प्राप्त होती है। इस कार्यशाला में सभी सहभागियों को उनके ईष्ट-ऊर्जाओं का ज्ञान भी कराया जायेगा।

Eligibility Criteria

अर्हता -

इस कार्यशाला में भाग लेने के लिए कोई विशेष योग्यता आवश्यक नहीं है, आप के अंदर यदि उपासना के सूक्ष्म रहस्यों के प्रायोगिक ज्ञान की अभीप्सा है तो आप इस कार्यशाला में पंजीयन करा सकते हैं।

नोट - यदि आप तत्त्व शक्ति विज्ञान के साधक हैं तो पंचोपचार के इसके रहस्यों को आत्मसात करके नित्य पूजादि से आप अपनी साधना की तीव्रता में अप्रत्याशित वृद्धि कर सकेंगे।

Course Benefits

पञ्चोपचार रहस्य कार्यशाला आप के लिए है यदि आप -

  • अपने जीवन में नकारात्मकता या किसी अभाव से जूझ रहे हैं
  • जीवन में सब कुछ होते हुए भी प्रसन्नता एवं संतोष नहीं पा रहे हैं
  • अपने जीवन में सुख-शान्ति व सद्भाव का प्राकट्य चाहते हैं
  • स्वस्थ्य रहने की कामना व रोगादि का शमन करना चाहते हैं
  • अपने नित्य पूजन में अपूर्व दिव्यता की अनुभूति करना चाहते हैं
  • अपने मन में एकाग्रता एवं इच्छा-शक्ति पैदा करना चाहते हैं
  • तत्त्व-शुद्धि, नाड़ी शुद्धि आदि के संकल्प की सिद्धि में संलग्न हैं
  • कुण्डलिनी शक्ति के विकास एवं जागरण हेतु प्रयासरत हैं
  • अपनी आध्यात्मिक साधनाओं में त्वरित प्रगति चाहते हैं
  • प्रवास-यात्रा आदि के दौरान अपनी नित्य पूजा में व्यवधान महसूस करते हैं

How To Apply

यह कार्यशाला नियमित प्रस्तुति नहीं है। अतः यदि आप को इसका कोई आगामी कार्यक्रम हमारी वेबसाइट पर नहीं दिख रहा हो तो आप हमें मेल भेज कर अपनी रूचि प्रकट सकते हैं। उस दशा में भविष्य में जब भी यह कार्यक्रम आयोजित/उपलब्ध होगा तो हम आप को मेल पर पंजीयन करने हेतु अग्रिम सूचना भेज देंगे। 

ई-मेल : info@shaktimultiversity.com या shakti.multiversity@gmail.com